कहा, किसी भी विवाद को टकराव के बजाय बातचीत, आपसी सम्मान और सहमति से किया जाना चाहिए हल
फगवाड़ा,(शिव कौड़ा): शहीद भगत सिंह चौक के नामकरण और वहां शहीद की प्रतिमा स्थापित करने को लेकर लंबे समय से चल रहे विवाद के बीच शहीद भगत सिंह वेलफेयर सोसायटी ने अब इस मामले का जल्द समाधान करने की मांग उठाई है। सोसायटी के चेयरमैन राजू चहल और प्रधान शिव शर्मा ने कहा कि गत दिवस अंबेडकरवादी संगठनों की ओर से प्रशासन के समक्ष शहीद भगत सिंह चौक के नामकरण पर कोई एतराज न होने की बात कही गई है। ऐसे में सरकार और नगर निगम प्रशासन को बिना देरी किए प्राथमिकता के आधार पर चौक में शहीद-ए-आजम भगत सिंह की प्रतिमा स्थापित करने की प्रक्रिया शुरू करनी चाहिए। राजू चहल और शिव शर्मा ने कहा कि शहीद भगत सिंह किसी एक धर्म, जाति या समुदाय के नहीं, बल्कि पूरे देश का गौरव हैं। उनकी शहादत ने देश को आजादी की राह दिखाई और उनका नाम प्रत्येक भारतीय के लिए सम्मान एवं प्रेरणा का प्रतीक है। यदि दोनों पक्षों की ओर से सहमति का रास्ता निकल रहा है तो प्रशासन को इस अवसर का लाभ उठाते हुए आपसी भाईचारे और सद्भावना के साथ विवाद का स्थायी समाधान करना चाहिए। सोसायटी पदाधिकारियों ने बताया कि इस चौक का इतिहास काफी पुराना है। वर्ष 2006 में तत्कालीन नगर परिषद की ओर से जीटी रोड स्थित गोल चौक का नाम शहीद भगत सिंह चौक रखने का प्रस्ताव पारित किया गया था, लेकिन उस समय संबंधित जगह नेशनल हाईवे अथॉरिटी के अधीन होने के कारण मामला आगे नहीं बढ़ सका। वर्ष 2014 में फगवाड़ा नगर निगम बनने और जीटी रोड पर फ्लाईओवर का निर्माण होने के बाद फ्लाईओवर के नीचे की जगह नगर निगम के नियंत्रण में आ गई। इसके बावजूद कुछ नेताओं की राजनीतिक चालों के कारण यह मामला अनावश्यक रूप से विवादित बना रहा, जिसका खामियाजा शहरवासियों को भुगतना पड़ा। उन्होंने कहा कि किसी भी विवाद को टकराव के बजाय बातचीत, आपसी सम्मान और सहमति से हल किया जाना चाहिए। दोनों पदाधिकारियों ने आरोप लगाया कि वर्तमान सरकार ने भी इस संवेदनशील मामले को करीब पांच वर्षों तक जानबूझकर लटकाए रखा। यदि गंभीरता से प्रयास किए जाते तो शहरवासियों को लंबे समय तक इस विवाद और तनाव का सामना नहीं करना पड़ता। अब जब अंबेडकरवादी संगठनों की ओर से चौक के नामकरण पर एतराज न होने की बात सामने आई है तो सरकार को तत्काल सकारात्मक कदम उठाना चाहिए। राजू चहल ने कहा कि जीटी रोड पर स्थित यह चौक उस मार्ग को जोड़ता है, जो शहीद भगत सिंह के पैतृक गांव खटकड़ कलां की ओर जाता है। उल्लेखनीय है कि मुख्यमंत्री भगवंत मान ने भी खटकड़ कलां में ही मुख्यमंत्री पद की शपथ ली थी और सरकार की ओर से हर वर्ष शहीद भगत सिंह के जन्मदिवस पर वहां कार्यक्रम आयोजित किए जाते हैं। ऐसे में सरकार को शहीद के सम्मान को केवल कार्यक्रमों तक सीमित नहीं रखना चाहिए, बल्कि फगवाड़ा के इस चौक पर उनकी प्रतिमा स्थापित करने की पहल भी करनी चाहिए। वहीं, शिव शर्मा ने कहा कि शहीद भगत सिंह की प्रतिमा स्थापित होना किसी एक संगठन या समुदाय की जीत नहीं, बल्कि पूरे शहर के लिए सम्मान और गौरव की बात होगी। उन्होंने सरकार और प्रशासन से अपील की कि इस मुद्दे को राजनीतिक रंग देने के बजाय सभी पक्षों को विश्वास में लेकर जल्द प्रतिमा स्थापित की जाए, ताकि फगवाड़ा में आपसी सद्भाव, भाईचारे और शांति का संदेश और मजबूत हो सके।



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